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कमर दर्द में रामबाण होती हैं यह 12 आयुर्वेदिक दवा : देसी नुस्खे

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आज यहां हम आपको ऐसी घरेलु आयुर्वेदिक दवाइयों के बारे में बताएंगे जिनके जरिये बैक पैन lower & upper सभी तरह के कमर दर्द से छुटकारा पाया जा सकता हो. 30-40 की उम्र के व्यक्तियों में से ऐसे बहुत ही कम व्यक्ति होंगे जिनको पीठ में दर्द की शिकायत न होती हो. एक सर्वे में यह जानने को मिला की करीबन 80% लोग अपने जीवन में 40 की उम्र के करीबन इस दर्द से ग्रसित होते हैं.

इससे बचने के लिए कमर दर्द की दवा आयुर्वेदिक हैं, इन्हें घरेलु उपाय भी कह सकते हैं. क्योंकि इनको घर पर ही बनाया जाता हैं. यह आयुर्वेदिक देसी दवाएं निचे, निचले, ऊपरी, ऊपर कमर के दर्द को रोकने के लिए बहुत ही प्रभावकारी हैं. हमारे कहने का अर्थ हैं यह पीठ के किसी भी तरह के दर्द को दूर कर सकती हैं. इनमे से कई दवाई बाबा रामदेव द्वारा भी बताई गई हैं back pain medicine name in Hindi.

  • इस पोस्ट को पूरा व आखिरी निचे तक पड़ें, जल्दबाजी न करे.

कमर दर्द की दवा : आयुर्वेदिक नुस्खे

Ayurvedic Back Pain Medicine in Hindi

जायफल का इस्तेमाल

  • जायफल को आप बाजार से प्राप्त कर सकते हैं, यह किसी भी किराना स्टोर्स पर मिल जाएगा. जायफल लें और एक थोड़े से पानी से भरे बर्तन में इस घिसे, या जायफल को पानी में थोड़ी देर तक डाल दें, फिर इसे किसी पट्टी पर घिस लें. जायफल के घिसे हुए पदार्थ को तिल के तेल में मिला लें. अच्छे से मिलाकर आग पर गर्म करने के लिए छोड़ दें. अच्छी तरह गर्म होने पर ठंडा करके कमर दर्द पर मालिश करने से लाभ होता हैं.

अदरक का इस्तेमाल 

  • यह यहां पर बताई जा रही कमर की दवाई में से सबसे आसान हैं, इसके लिए कोई विधि का उपयोग नई करना होता हैं. अदरक के रस में घी मिलाकर पिए. इससे कमर के दर्द में आराम मिलेगा. यह इतना आसान हैं की आपको इसका एक बार उपयोग जरूर करना चाहिए.

छुआरा का इस्तेमाल 

  • कमर दर्द में छुआरा लाभदायक हैं. इसके लिए आप छुआरा का किसी भी रूप में सेवन कर सकते हैं.

आलू का इस्तेमाल 

  • कमर के दर्द में कच्चे आलू की पुल्टिस कमर में लगाने से दर्द दूर होता हैं. थोड़े से कच्चे आलू लें, फिर इनकी पुल्टिस बनाये व दर्द वाली जगह पर बांध लें. इससे जल्द ही आराम होगा.

जायफल का इस्तेमाल

  • 12 ग्राम गेहूं की राख लें, और इतना ही शहद लें. इन दोनों मिलाकर चाटने से कमर और जोड़ों के दर्द में आराम होता हैं. गेहूं की रोटी एक और सेंक लें तथा एक और कच्ची रखे. कच्ची की और तिल का तेल लगा कर दर्द वाले अंग पर बाँध दें इससे दर्द ख़त्म हो जायेगा.

कुछ आसान दवा

  • कमर दर्द होने पर एरंड के बिच की पांच मींगी दूध में पीस कर पिलाने से लाभ होता हैं. सहिजन की फलियां और सब्जियों का सेवन करने से बहुत लाभ होता हैं. इसके साथ ही मेथी भी कमर दर्द के लिए बहुत उपयोगी होती हैं.  उपयोग करने के लिए आप इसके तेल से दर्द वाली जगह पर मालिश भी कर सकते हैं व मेथी की सब्जी भी खा सकते हैं.

अजवाइन का इस्तेमाल

  • Kamar dard ki dawa करीबन 15 से 20 ग्राम के अनुपात में अजवाइन लें, अब इसे एक पोटली में बांध लें. यानी की अजवाइन को किसी कपडे में बांधकर रख लें. अब कम आंच में आग जलाये, गैस का भी उपयोग कर सकते हैं. अब इस आग पर इस अजवाइन की पोटली को गर्म करे. जब यह पोटली गर्म होने लगे तो इसे वहां से हटाकर रोगी की कमर पर रख दें. अजवाइन की पोटली से कमर पर सेंक करने से बहुत ही राहत मिलती है. यह बिलकुल आयुर्वेदिक तरीका हैं जिससे कमर दर्द दूर किया जा सकता हैं.

लौंग और सरसों

  • थोड़ा लौंग का तेल लें और इतनी ही मात्रा में सरसों का तेल भी लें. दोनों को अच्छे से मिक्स कर लें. (अब दोनों तेल का यह मिश्रण आयुर्वेदिक दवा के रूप में काम करेगा) इसके बाद मरीज को पेट के बल ज़मीन पर लेटा दें. फिर उसकी कमर पर जहां भी दर्द हो रहा हो वहां इस आयुर्वेदिक तेल के मिश्रण से मालिश करे.

  • कमर दर्द में लौंग और सरसों के तेल की यह दवा हर प्रकार के कमर दर्द को रोकने के लिए उपयोग में लाइ जा सकती हैं. यह सबसे सस्ता आसान उपाय हैं, बस एक बात का ध्यान रखे की 15 से 20 मिनट तक इस तेल से मालिश जरूर करे. अगर फिर भी आपको आराम महसूस न हो तो दूसरा उपाय आजमा सकते हैं.

सरसों और अफीम

  • थोड़ा सा सरसों का तेल और अफीम लें. सबसे पहले सरसों के तेल में अफीम मिलाकर इसे पकाये. जब यह अच्छे से पक जाये तो इस तेल से कमर में जहां कहीं भी दर्द हो रहा हो वहां पर मालिश करे. यह आयुर्वेदा का सबसे प्राचीन नुस्खा हैं, इसके बारे में बहुत कम लोग ही जानते हैं. अगर आपके पास अफीम नहीं है, तो बाजार में जाकर इसके बारे में सुचना लें, व उन्हें बताये की मुझे कमर दर्द दूर करने के लिए अफीम चाहिए.
  • आपके ऐसा कहने पर आपको बड़ी आसानी से अफीम मिल सकती हैं. क्योंकि अफीम नशीली चीजों में गिनी जाती हैं. इसलिए जो कोई भी व्यक्ति इसके बारे में पूछता हैं तो उस पर संदेह उठता हैं, यह स्वाभाविक हैं. इसलिए आप पहले ही अफीम लेने की वजह बता दें.

अश्वगंधा और सोंठ

  • बाजार से ये किसी भी आयुर्वेदिक स्टोर्स पर से अश्वगंधा मिल जायेगा. थोड़ा सा अश्वगंधा और सोंठ लें. दोनों को सामान्य मात्रा में लेकर अच्छे से बारीक़ पीस लें. इन दोनों का मिश्रण कमर दर्द के लिए चूर्ण के रूप में उपयोग किया जाएगा. जब यह दोनों अच्छे से बारीक़ पीस जाये तो इन्हें एक डिब्बी में भर लें व रोजाना नियमित रूप से सुबह के समय पर एक ग्लास शुद्ध दूध के साथ पिए. इस दवा को खाते रहने से आपको कुछ ही दिनों में फायदा नजर आने लगेगा.

तुलसी और सोंठ

  • तुलसी एक प्राचीन औषधि हैं, आज भी इसका आयुर्वेदा में सबसे ऊंचा स्थान हैं. इसका कमर दर्द के लिए आयुर्वेदिक दवा के रूप में उपयोग किया जा सकता हैं. थोड़ी सी सोंठ लें इसमें थोड़े तुलसी के बीजों को मिलाये. इन दोनों को मिलाकर गर्म करे, अच्छे से उबलने दें. (इसे काढ़ा कहते हैं) उबालकर जब यह आधा रह जाएगा तो काढ़ा जैसा दिखने लगेगा. जब भी आपको कमर दर्द हो तो इस उपाय को आजमाए. ऐसा दो-तीन दिन तक करे आराम न मिलने पर दूसरी पीठ दर्द की दवा आजमाए.
  • सिर्फ सोंठ के चूर्ण को तेज आग में अच्छे से उबालकर, काढ़ा बनाकर पिने से भी कमर दर्द में बहुत फायदे होते हैं.

राइ और सरसों

  • सरसों का तेल कमर दर्द के लिए बहुत प्रभावकारी होता हैं, इस बार हम आपको सरसों और राइ का उपयोग बताएंगे. यह भी कमर की दवा के रूप में उपयोग में लाया जा सकता हैं. थोड़ा राइ और सरसों का तेल लें, दोनों को बराबर मात्रा में. अब इन्हें अच्छे से मिक्स करले. इसके बाद कमर में जहां कहीं भी दर्द हो रहा हो इस तेल से मालिश करे. यह दवा तुरंत कमर दर्द को गायब करने में सक्षम मानी जाती हैं.

राइ

जायफल के चूर्ण की दवा बनाये

  • जायफल पीठ से सम्बंधित दर्द में बहुत लाभदायक होता हैं. इसकी पत्तियां, जड़े आदि सभी एक औषधि के रूप में काम करती हैं. इस को बनाने के लिए जायफल के चूर्ण की जरुरत पड़ेगी, इसको आप बाजार से किसी भी आयुर्वेदिक स्टोर्स पर से खरीद लें.
  • इसके बाद जायफल के चूर्ण में सरसों का तेल मिला दें. आग पर इसे थोड़ी देर तक पकाये. जब यह अच्छे से पक जाये तो आग से निचे उतार लें व इसके ठंडा होने का इंतजार करे. जब यह हल्का गुण-गुना रहे तो इससे उसी समय कमर में जहां भी दर्द हो रहा हो वहां मालिश करे, करीबन 15 मिनट्स तक. जल्द ही आपको आराम महसूस होने लगेगा.

सोंठ का चूर्ण आजमाए

सोंठ का इस्तेमाल 

  • सरसों की तरह ही सोंठ भी कमर दर्द में बहुत फायदा करती हैं. इसका कमर दर्द के लिए कई तरह से प्रयोग किया जाता हैं. यह जो दवा हम बता रहे हैं इसके लिए आपको सोंठ के चूर्ण की जरुरत पड़ेगी, तो इसे आप बाजार से किसी भी आयुर्वेदिक स्टोर्स से खरीद लें. फिर रोजाना रात को सोने से पहले दूध के साथ इसका सेवन इस तरह करे.
  • दो चम्मच सोंठ के चूर्ण को एक ग्लास से थोड़े ज्यादा दूध में डालकर उबाले जब दूध उबलकर कम होने लगे तो इसे उबालना बंद कर दें. इसके बाद इसे पि जाये. नियमित रूप से रोजाना रात को सोते समय ऐसा करे सभी तरह के पीठ दर्द में यह फायदा करेगी.

चार चीजों का मिश्रण

  • कपूर, तिल का तेल, सरसों, राई का तेल इन चारों को बराबर मात्रा में लें. इसके बाद अच्छे से बारीक पीस लें. जब इनका मिश्रण तैय्यार हो जाये तो रोगी की कमर पर इससे मालिश करे. यह मालिश करीबन 20 मिनट तक करे. इससे दर्द छूमंतर हो जाएगा.

अखरोट की आसान दवा

  • यह अब तक की सबसे आसान दवाई हैं. वैसे अखरोट भी एक जबरदस्त जड़ी बूटी मानी जाती हैं. यह कई तरह के रोगों में रामबाण होती हैं, कमर दर्द के लिए इसका उपयोग बड़ा ही आसान हैं. इसमें ना आपको कुछ उबालना हैं, न पकाना हैं, न किसी और औषधि के साथ मिलाकर खाना हैं. आपको तो सिर्फ अखरोट की गिरियों का सेवन करना हैं. सिर्फ 3-4 अखरोट की गिरियों को भूखे पेट अच्छे से मुंहे के जरिये बारीक-बारीक चबाकर खाने से कमर दर्द में बहुत ही लाभ होता हैं. याद रखे इसका उपयोग हमेशा सुबह के समय खाली पेट होने पर ही करे.

Akhroat

तारपीन तेल

  • नाम थोड़ा अजीब हैं लेकिन यह भी कमर दर्द की सबसे आसान आयुर्वेदिक dawa में से एक हैं. तारपीन के तेल को आप बाजार से प्राप्त कर सकते हैं. इस तेल से मालिश करने मात्रा से कमर दर्द में लाभ होता हैं.

राइ और तिल

  • इन दोनों तेल को आपस में मिलाकर कर कमर दर्द पर मालिश करने से सिर्फ 15 दिनों में ही आराम हो जाएगा. यह कोई बड़ी जटिल औषदि या दवा नहीं हैं. बस आपको थोड़ा सा राइ का तेल और थोड़ा सा तिल का तेल लेना हैं और दोनों को बराबर मात्रा में लेकर मिलाना हैं, बस. इसके बाद रोगी की कमर पर मालिश करने बैठ जाये रोजाना 15 मिनट तक इससे मालिश करे. अगर 5-6 दिनों में आराम की अनुभूति होने लग जाये तब समझ लीजिये की यह दवा आपको सूट कर गई.

बताई गई हर कमर दर्द की दवा आयुर्वेदिक और देसी kamar dard ki ayurvedic dawa in Hindi के बारे में जानकर आपको बहुत लाभ मिला होगा. एक मालिश को 15 मिनट्स से कम न करे. इनसे आपको आराम न हो तो दूसरी दवा का उपयोग भी करते रहे, जरुरी नहीं की पहली ही बताये गए उपाय से आपको फायदा हो जाये. आपका जिस तरह का दर्द होगा वैसी ही दवाई मिलने पर वह तुरंत दूर हो जायेगा.

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